राहुल गांधी की गिरफ्तारी पर भड़की सरगुजा कांग्रेस: PM मोदी का पुतला फूंका, छात्रों पर लाठीचार्ज को बताया अमानवीय
सरगुजा जिला कांग्रेस ने बुधवार को राजधानी दिल्ली में हुए राजनीतिक घटनाक्रम के विरोध में जमकर प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर अपना आक्रोश व्यक्त किया। यह प्रदर्शन कांग्रेस नेता राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य सांसदों की गिरफ्तारी के विरोध में आयोजित किया गया था, जिन्हें प्रधानमंत्री आवास के सामने प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था।
कांग्रेस का आरोप है कि केंद्र सरकार छात्रों के आंदोलन को बलपूर्वक दबाने का प्रयास कर रही है। दरअसल, नीट सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने के विरोध में छात्र संसद की ओर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। छात्र केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। इसी दौरान दिल्ली पुलिस और कुछ अन्य अज्ञात लोगों ने छात्रों पर लाठीचार्ज किया और पथराव भी किया, जिसमें 150 से अधिक छात्र घायल हो गए।
छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के बाद राहुल गांधी घायल छात्रों से मिलने अस्पताल पहुंचे। इसके बाद वे और प्रियंका गांधी सहित कांग्रेस के अन्य सांसद धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तथा प्रधानमंत्री से माफी की मांग को लेकर प्रधानमंत्री आवास के सामने धरने पर बैठ गए। कांग्रेस का दावा है कि दिल्ली पुलिस, जो केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन आती है, ने गृह मंत्रालय के इशारे पर इन नेताओं को बलपूर्वक हिरासत में ले लिया।
जिलाध्यक्ष बाल कृष्ण पाठक ने सरकार की इस कार्रवाई की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि छात्र देश का भविष्य हैं और उन पर लाठीचार्ज करना पूरी तरह से अमानवीय है। पाठक ने यह भी आरोप लगाया कि छात्रों के साथ हिंसा करने वालों में पुलिस बल की भीड़ में कुछ ऐसे लोग भी शामिल थे, जो पुलिसकर्मी नहीं थे। कांग्रेस ने इस घटना को लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताते हुए केंद्र सरकार से प्रधानमंत्री की माफी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की मांग दोहराई।
यह विरोध प्रदर्शन राजीव भवन से एक विशाल रैली के रूप में शुरू हुआ, जो कलेक्ट्रेट चौक पर समाप्त हुआ, जहां प्रधानमंत्री का पुतला फूंका गया। इस दौरान शफी अहमद, द्वितेंद्र मिश्रा, हेमंत सिन्हा, अरविंद सिंह गप्पू, भानुप्रताप सिंह, विनय शर्मा, इंद्रजीत सिंह धंजल, मोहम्मद इस्लाम, रामविनय सिंह, जगन्नाथ कुशवाहा, हेमंत तिवारी, राजीव सिंह, इरफान सिद्दीकी सहित कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
