जशपुर में ‘सुरक्षित बचपन अभियान’ के तहत बच्चों को मिली सुरक्षा और अधिकारों की जानकारी

जशपुर जिले के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गम्हरिया में 31 अक्टूबर 2026 को ‘सुरक्षित बचपन अभियान’ के तहत एक महत्वपूर्ण जागरूकता शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य बच्चों को उनके अधिकारों, सुरक्षा और विभिन्न कानूनी प्रावधानों के बारे में जागरूक करना था, ताकि वे एक सुरक्षित बचपन जी सकें।

यह जागरूकता शिविर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, जशपुर के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश और अध्यक्ष महोदय के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। शिविर के संचालन की जिम्मेदारी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, जशपुर के पैरालीगल वॉलिंटियर्स ने संभाली, जिन्होंने बच्चों तक महत्वपूर्ण जानकारी पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में कई न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे, जिन्होंने बच्चों को मार्गदर्शन प्रदान किया। इनमें न्यायिक मजिस्ट्रेट कनिष्ठ श्रेणी जशपुर से कु. पूनम नशीने और कु. नेहा तिर्की शामिल थीं। इनके साथ ही, प्रशिक्षु न्यायाधीश अभिनव कुमार अग्रवाल भी इस जागरूकता शिविर में मौजूद रहे, जिन्होंने बच्चों के बीच जागरूकता बढ़ाने में सहयोग किया।
शिविर के दौरान बच्चों को कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। इसमें पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) के प्रावधानों, ‘गुड टच बैड टच’ की अवधारणा, बाल अधिकारों और उनके संरक्षण के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। इसके अतिरिक्त, बच्चों को वर्तमान समय में बढ़ती साइबर सुरक्षा चुनौतियों और उनसे बचाव के तरीकों के बारे में भी जागरूक किया गया।
इस पहल का उद्देश्य बच्चों को अपने अधिकारों के प्रति सशक्त बनाना और उन्हें संभावित खतरों से निपटने के लिए आवश्यक जानकारी प्रदान करना है। ‘सुरक्षित बचपन अभियान’ के अंतर्गत आयोजित ऐसे शिविर बच्चों के भविष्य को सुरक्षित और उज्ज्वल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं।




