भोजन बनाने के बजाय शराब के नशे में थी पत्नी इसलिए पति ने कर दी थी हत्या

पुलिस जांच में सामने आया कि मृतका शराब सेवन की आदी थी। घटना वाले दिन उसने दिन में खाना नहीं बनाया था, जिसके कारण उसके दोनों मासूम बच्चों को पड़ोसियों …और पढ़ें
HighLights
- जमुना ने कई बार शराब नहीं पीने की समझाइश दी थी, लेकिन वह नहीं मानी।
- घटना की रात विवाद बढ़ने पर आरोपित ने डंडे से पत्नी की पिटाई कर दी थी।
- उसने पत्नी को पटक भी दिया था, जिससे फेफड़े में गंभीर अंदरूनी चोट आई।
नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर। शहर के ट्रांसपोर्टनगर क्षेत्र में विवाहिता की संदिग्ध मौत का मामला अब हत्या में बदल गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि पर मणिपुर थाना पुलिस ने मामले का 24 घंटे के भीतर राजफाश करते हुए मृतका के पति को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित ने घरेलू विवाद के दौरान पत्नी की डंडे से पिटाई कर दी थी, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने आरोपित को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
मणिपुर थाना क्षेत्र के ट्रांसपोर्टनगर स्थित कदमपारा में किराये के मकान में रहने वाले जमुना चिकवा ने अपनी पत्नी सुखमनिया चिकवा (32) की हत्या कर दी। आरोपित जमुना चिकवा पिता स्व. रामबिलास चिकवा उम्र 35 वर्ष निवासी कुमनसिया चौकी केरजू थाना सीतापुर वर्तमान में कदमपारा ट्रांसपोर्टनगर मणिपुर को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतका शराब सेवन की आदी थी। घटना वाले दिन उसने दिन में खाना नहीं बनाया था, जिसके कारण उसके दोनों मासूम बच्चों को पड़ोसियों के यहां भोजन करना पड़ा। रात में जब पति जमुना काम से घर लौटा तो उसे इस बात की जानकारी मिली। उस समय सुखमनिया शराब के नशे में थी और उसने भोजन के नाम पर केवल चावल बनाया था। इस बात को लेकर पति-पत्नी के बीच विवाद हो गया।
मणिपुर थाना प्रभारी उप निरीक्षक सीपी तिवारी ने बताया कि जमुना ने पत्नी को कई बार दिन में शराब नहीं पीने की समझाइश दी थी, लेकिन वह नहीं मान रही थी। घटना की रात विवाद बढ़ने पर आरोपित ने डंडे से पत्नी की पिटाई कर दी। आशंका है कि उसने पत्नी को पटक भी दिया था, जिससे उसके फेफड़े में गंभीर अंदरूनी चोट आई और अत्यधिक रक्तस्राव होने से उसकी मौत हो गई।
घटना का पता तब चला जब मृतका के चचेरे भाई कैलाश राम पिता अघनू राम निवासी ग्राम कुरहटेपना बगीचा जिला जशपुर ने 19 मई को थाना मणिपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने सुखमनिया के शरीर पर चोट के निशान देखकर हत्या की आशंका जताई थी।
रिपोर्ट पर पुलिस ने धारा 103(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की।नगर पुलिस अधीक्षक अंबिकापुर राहुल बंसल के मार्गदर्शन में मणिपुर थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम गठित की गई। पुलिस ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर उसे हिरासत में लिया।
पूछताछ में उसने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।पूरे मामले की जांच और गिरफ्तारी की कार्रवाई में थाना प्रभारी सीपी तिवारी, सहायक उप निरीक्षक अजीत कुमार मिश्रा, अनिल पाण्डेय सहित थाना मणिपुर और साइबर सेल की टीम की भूमिका रही।



