50 Years Of Emergency LIVE: ‘जब आपातकाल लगाया गया, तब मैं आरएसएस का युवा प्रचारक था’, पीएम मोदी बोले

08:59 AM, 25-Jun-2025
‘जब आपातकाल लगाया गया था, तब मैं आरएसएस का युवा प्रचारक था’
पीएम मोदी ने कहा, ‘जब आपातकाल लगाया गया था, तब मैं आरएसएस का युवा प्रचारक था। आपातकाल विरोधी आंदोलन मेरे लिए सीखने का एक अनुभव था। इसने हमारे लोकतांत्रिक ढांचे को बचाए रखने की अहमियत को फिर से पुष्ट किया। साथ ही मुझे राजनीतिक स्पेक्ट्रम के सभी लोगों से बहुत कुछ सीखने को मिला। मुझे खुशी है कि ब्लूक्राफ्ट डिजिटल फाउंडेशन ने उन अनुभवों में से कुछ को एक किताब के रूप में संकलित किया है, जिसकी प्रस्तावना एचडी देवेगौड़ा ने लिखी है, जो खुद आपातकाल विरोधी आंदोलन के एक दिग्गज थे।’
08:53 AM, 25-Jun-2025
‘उस समय सत्ता में बैठी कांग्रेस सरकार ने लोकतंत्र को बंधक बना लिया था’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘आज भारत के लोकतांत्रिक इतिहास के सबसे काले अध्यायों में से एक आपातकाल लागू होने के 50 साल पूरे हो गए हैं। भारत के लोग इस दिन को संविधान हत्या दिवस के रूप में मनाते हैं। इस दिन भारतीय संविधान में निहित मूल्यों को दरकिनार कर दिया गया, मौलिक अधिकारों को निलंबित कर दिया गया, प्रेस की स्वतंत्रता को खत्म कर दिया गया और कई राजनीतिक नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, छात्रों और आम नागरिकों को जेल में डाल दिया गया। ऐसा लग रहा था जैसे उस समय सत्ता में बैठी कांग्रेस सरकार ने लोकतंत्र को बंधक बना लिया था!’
08:45 AM, 25-Jun-2025
माकपा ने भाजपा को घेरा
सीपीआई (एम) के महासचिव एमए बेबी ने कहा, ‘जब शाह आयोग की नियुक्ति की गई थी, तो उसने सही ढंग से बताया था कि यह इंदिरा गांधी द्वारा कैबिनेट द्वारा अनुमोदित नहीं किए गए निर्णय के संबंध में एक गंभीर गलती और असंवैधानिक कार्य था। अब, इंदिरा गांधी द्वारा घोषित 21 महीनों के आपातकाल के बजाय, हमारे पास पीएम मोदी के तहत 11 साल का अघोषित आपातकाल है और उन्होंने उनसे तानाशाही के सबक सीखे हैं। अब, लोगों की जिम्मेदारी है कि वे पीएम मोदी द्वारा अपनाए जा रहे तानाशाही कदमों के खिलाफ एक व्यापक मंच विकसित करें।’
08:43 AM, 25-Jun-2025
‘इंदिरा गांधी अपनी कुर्सी बचाना चाहती थीं’
आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ पर आरएसएस और भाजपा नेता भुवनानंद त्रिपाठी, जो आपातकाल के दौरान जेल गए थे, ने कहा कि वह एक काला दौर था। ऐसा इसलिए हुआ, क्योंकि इंदिरा गांधी अपनी कुर्सी बचाना चाहती थीं। कोई विदेशी आक्रमण नहीं हुआ था। देश में कोई अराजकता भी नहीं थी। उन्होंने खुद को बचाने के लिए आपातकाल लगाया। हम उस समय कॉलेज के छात्र थे। विपक्षी नेताओं को जेल में डाल दिया गया था। उस दौरान सभी मौलिक अधिकार खत्म कर दिए गए थे। संविधान की हत्या कर दी गई थी।
08:17 AM, 25-Jun-2025
‘नीयत आज भी वैसी ही तानाशाही वाली’
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि 25 जून 1975 की आधी रात को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने आंतरिक अशांति का बहाना बनाकर भारत पर आपातकाल थोप कर देश के संविधान की हत्या कर दी थी। 50 वर्ष बाद भी कांग्रेस उसी मानसिकता के साथ चल रही है, उसकी नीयत आज भी वैसी ही तानाशाही वाली है।
07:48 AM, 25-Jun-2025
‘यह वह दिन है, जब जनता की ओर से पोषित लोकतंत्र की हत्या की गई’
आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ पर केंद्रीय मंत्री हर्ष मल्होत्रा ने कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 जून को ‘संविधान हत्या दिवस’ के रूप में मनाने का फैसला किया है। यह वह दिन है, जब जनता की ओर से पोषित लोकतंत्र की हत्या की गई। कांग्रेस पार्टी ने बनाए गए संविधान की हत्या की। आज देश को खासकर युवाओं को यह समझना चाहिए कि आज लोकतंत्र की महत्ता का बखान करने वाले कांग्रेस नेताओं ने ही लोकतंत्र की हत्या की थी और संविधान का उल्लंघन किया था।
07:35 AM, 25-Jun-2025
50 Years Of Emergency LIVE: ‘जब आपातकाल लगाया गया, तब मैं आरएसएस का युवा प्रचारक था’, पीएम मोदी बोले
50 Years Of Emergency Live Updates In Hindi: देश में आपातकाल 25 जून 1975 को लगा था, जिसके 50 वर्ष पूरे होने के मौके पर बुधवार को भाजपा देशभर में संविधान हत्या दिवस का आयोजन करेगी। भाजपा विभिन्न कार्यक्रमों के आयोजन के जरिए लोगों को आपातकाल के काले दौर की याद दिलाई जाएगी। जिला स्तर पर होने वाले कार्यक्रमों में मीसा बंदियों का सम्मान किया जाएगा। इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आपातकाल को अन्यायकाल करार दिया। उन्होंने कहा कि 1975 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का लाया आपातकाल असल में कांग्रेस का अन्यायकाल था। आपातकाल परिस्थिति और मजबूरी की नहीं, बल्कि तानाशाही मानसिकता और सत्ता की भूख की उपज होता है। 25 जून सभी को याद दिलाता है कि कांग्रेस सत्ता के लिए किस हद तक जा सकती है।




