‘कातिल’ हथिनी ने सूड में लपेटकर ग्रामीण को पटका, मौके पर ही मौत, वन विभाग की गाड़ी पर भी किया अटैक

Elephant Attack: छत्तीसगढ़ के जशपुर में हथिनी का फिर से आतंक देखने को मिला है, जहां पत्थलगांव में हथिनी के हमले में एक ग्रामीण की मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि ग्रामीण का जंगल में डेरा जमाए हुए हथिनी और उसके बच्चे से सामना हो गया था। वह भाग पाता, इससे पहले ही हथिनी ने उसे सूड में लपेट कर जमीन में पटक दिया, जिससे
By Mohan Kumar
Publish Date: Sun, 27 Jul 2025 06:15:01 PM (IST)
Updated Date: Sun, 27 Jul 2025 06:18:34 PM (IST)
नईदुनिया प्रतिनिधि, पत्थलगांव: पत्थलगांव रेंज में डेरा जमाएं हथिनी के हमले में एक ग्रामीण की मौके पर ही मौत हो गई। घटना ग्राम बालाझर के आश्रित गांव चोरपानी की है। जानकारी के अनुसार ग्रामीण सालिक राम (52) शनिवार की सुबह जंगल की ओर गया हुआ था। इसी दौरान उसका सामना जंगल में डेरा जमाए हुए हथिनी और उसके बच्चे से हो गया।
इससे पहले कि सालिक राम संभल पाता, हथिनी ने उसे सूड में लपेट कर जमीन में पटक दिया। घटना में ग्रामीण की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन हथिनी और उसके शावक के घटनास्थल पर ही जमे रहने के कारण ग्रामीण के शव के निकालने के लिए लगभग तीन घंटे का इंतजार करना पड़ा।
मृतक के परिवार को 25 हजार की आर्थिक सहायता
विभाग ने मृतक के स्वजनों को 25 हजार रुपये की तात्कालिक आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई है। ग्रामीण के पोस्टमार्टम के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए स्वजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। डीएफओ शशि कुमार ने बताया कि हथिनी और उसके बच्चे की गतिविधियों पर वन विभाग पत्थलगांव के एसडीओ, रेंजर और कर्मचारियों द्वारा नजर रखी जा रही है और विचरण क्षेत्र के ग्रामीणों को इंटरनेट मीडिया और मुनादी के माध्यम से सचेत कर जंगल से दूर रहने की अपील की जा रही है।
वन विभाग के वाहन को किया क्षतिग्रस्त
बालाझर पहुंचने से पहले हथिनी ने बच्चे सहित लुड़ेग के हाईस्कूल कैंपस में गुरुवार की रात से डेरा जमाया हुआ था। छात्रों की सुरक्षा के लिए स्थानीय प्रशासन ने शुक्रवार को स्कूल की छुट्टी घोषित कर दी थी। इस कैंपस में हथिनी देखने के लिए जुटी भीड़ को हटाने के लिए पहुंची वन विभाग की टीम भी हमले का शिकार होने से बाल-बाल बच गई।
इंटरनेट मीडिया में प्रसारित हो रहे वीडियो में देखा जा सकता है कि विभाग के काले रंग की स्कार्पियो जैसे ही कैंपस में घुसती है, हथिनी तेजी से वाहन की ओर दौड़कर वाहन के बोनट में हमला करती है, जिससे वाहन क्षतिग्रस्त हो जाता है। हालांकि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ। शुक्रवार की रात को हथिनी और शावक इस कैंपस से निकल कर बालाझर जंगल पहुंचे थे।
हथिनी और उसके शावक की गतिविधियों की सतत निगरानी की जा रही है। प्रभावित क्षेत्र के रहवासियों को इंटरनेट और मुनादी के माध्यम से सचेत किया जा रहा है। सुरक्षित रास्ता दे कर घने जंगल में भेजना के लिए विशेष टीम को बुलाया गया है। आवश्यकता पड़ने पर ट्रांक्यूलाईज करने के लिए सक्षम अधिकारियों को पत्र लिखा गया है -शशि कुमार, डीएफओ, जशपुर।




