
गौरीशंकर गुप्ता/ जशपुर: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के नारायणपुर थाना क्षेत्र के प्रेमनगर केराडीह गांव में एक सनसनीखेज हत्याकांड ने इलाके को हिलाकर रख दिया है। पारिवारिक विवाद के चलते एक पत्नी ने अपने मायके पक्ष के लोगों के साथ मिलकर पति की बेरहमी से पिटाई की, जिससे दो दिन बाद उसकी मौत हो गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जिनमें चार महिलाएं शामिल हैं।
घटना 1 मार्च 2026 को हुई। मृतक सुनील राम ने करीब छह माह पहले प्रेम संबंधों के आधार पर मीरा बाई से शादी की थी। शुरुआत में सब सामान्य था, लेकिन धीरे-धीरे घरेलू कलह बढ़ गई। उस दिन मीरा बाई ने अपनी बहनों मुनिया, मीना बाई, पुप्पा और जीजा शंकर को गांव बुलाया। किसी बात पर विवाद इतना भड़का कि उन्होंने सुनील पर जमकर हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल सुनील किसी तरह घर पहुंचा और मां पार्वती बाई को सारी बात बताई। दो दिन बाद, 3 मार्च को उसकी हालत बिगड़ने से मौत हो गई।
सुनील की मां ने नारायणपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभ में मर्ग कायम हुआ, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोटों से मौत की पुष्टि होने पर मामला हत्या में तब्दील कर दिया गया। भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) और 190 के तहत एफआईआर दर्ज की गई। पुलिस ने सभी संदिग्धों को हिरासत में लेकर सख्त पूछताछ की, जहां उन्होंने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। कोर्ट में पेशी के बाद पांचों—मीरा बाई, मुनिया, मीना बाई, पुप्पा और शंकर—को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। कुंकुरी एसडीओपी विनोद कुमार मंडावी ने पुष्टि की कि जांच जारी है।
यह घटना पारिवारिक विवादों के घातक परिणामों को उजागर करती है। गांव में दहशत फैल गई है, ग्रामीणों का कहना है कि समय रहते झगड़े सुलझाए जाते तो ऐसी त्रासदी टल सकती थी। जशपुर पुलिस ने अपील की है कि पारिवारिक कलह को थाने तक न ले जाकर पंचायत या काउंसलिंग से हल करें। पुलिस आगे अन्य पहलुओं की जांच कर रही है, ताकि न्याय सुनिश्चित हो सके।




