Bharatmala Scam: घोटाले करने वालों की संपति बेचकर राज्य सरकार वसूल करेगी घोटाले की रकम, 150 संदेहियों पर होगी कार्रवाई | State government will recover the amount of the scam by selling the property of the scammers

जमीन दलाल हरमीत मास्टरमांइड ईओडब्ल्यू के अनुसार जमीन दलाल हरमीत सिंह इस पूरे खेल का मास्टरमांइड है। उसने राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ सांठगांठ कर जमीन का अधिग्रहण कराया। इसमें गरीब किसानों से लेकर स्थानीय ग्रामीण और आदिवासी तक की जमीन शामिल है। वहीं इसका मुआवजा लेने के बाद उन्हें एक रूपए तक नहीं दिया।
निजी बैंक में खाता खोला मुआवजा की रकम लेने के लिए महासमुंद स्थित एक निजी बैंक में करीब 130 खाते खोलने की जानकारी मिली है। जमीन दलालों और अन्य लोगों ने खुद और रिश्तेदारों के नाम पर इसे खोला। यह खाता सिर्फ मुआवजा लेने के लिए रखा गया था। रकम के जमा होते ही दूसरे बैंक में रकम ट्रांसफर करने के बाद ही अन्य स्थानों में निवेश कर लिया। ईओडब्ल्यू को जांच के दौरान इसके इनपुट मिलने के बाद उक्त खाताधारकों के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
पूर्व मंत्री के रिश्तेदार भी शामिल भारतमाला परियोजना घोटाले में एक पूर्व मंत्री के रिश्तेदारों से नाम भी सामने आए है। इसमें से एक कस्टम मिलिंग घोटाले में जेल भेजा गया है। वहीं एक अन्य रिश्तेदार का नाम भी सामने आया है। उक्त दोनों के द्वारा ढाई-ढाई करोड़ रुपए लेने के इनपुट मिले है। हालांकि इस खेल में कई अन्य रसूखदार लोगों के नाम सामने आए है। उक्त सभी की भूमिका को जांच के दायरे में लिया गया है। बताया जाता है कि जांच के दौरान पुख्ता साक्क्ष्य मिलने पर उक्त सभी को बयान लेने बुलवाया जा सकता है।




