8 शासकीय आवास कर्मचारियों के नाम: कोंडागांव में सरकारी आवास निजी पट्टे पर दर्ज, RTI से खुलासा; कलेक्टर ने दिए जांच के निर्देश – Kondagaon News

कोंडागांव जिले में सरकारी आवासों के आवंटन में बड़ी अनियमितता सामने आई है। फरसगांव तहसील में आरटीआई कार्यकर्ता और पूर्व पार्षद जागेश्वर हिड़को से मिली जानकारी के मुताबिक, 8 शासकीय आवासों को कर्मचारियों के नाम पर निजी पट्टे के रूप में दर्ज कर दिया गया
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यह आवास मूल रूप से कर्मचारियों के अस्थायी निवास के लिए बनाए गए थे। प्रशासनिक नियमों की अनदेखी करते हुए इन्हें कर्मचारियों के नाम स्थायी रूप से दर्ज कर दिया गया।
कुछ मामलों में तो सेवानिवृत्त कर्मचारियों के नाम भी पट्टे जारी किए गए। इतना ही नहीं, कुछ आवासों पर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ भी दिया गया है। कलेक्टर ने जांच के निर्देश दिए है।
दोषी के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन
फरसगांव के एसडीएम अश्वन्न पूसम ने मामले की प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है। जिला कलेक्टर नूपुर राशि पन्ना ने इसे गंभीर मामला बताते हुए एसडीएम को विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर नूपुर राशि पन्ना ने जांच के निर्देश दिए है।
अधिकारियों के मिलीभगत की होगी जांच
स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने सभी शासकीय भवनों का पुनः सर्वेक्षण कराने और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि पट्टे किस आधार पर और किसके आदेश से जारी किए गए।
साथ ही यह भी देखा जाएगा कि क्या इसमें तहसीलदार, आरआई, पटवारी और अन्य अधिकारियों की मिलीभगत थी।




