छत्तीसगढ़

ग्राम पंचायत गहनाझरिया में लाखों रुपये के कथित भ्रष्टाचार का मामला गरमाया, स्ट्रीट लाइट से लेकर पंचायत भवन मरम्मत तक में फर्जीवाड़े के आरोप

ग्रामीणों ने एसडीएम लैलूंगा को सौंपा शिकायत पत्र, निष्पक्ष जांच की मांग

15 अगस्त विज्ञापन

(गौरी शंकर गुप्ता) लैलूंगा। जनपद पंचायत लैलूंगा अंतर्गत ग्राम पंचायत गहनाझरिया में विकास कार्यों के नाम पर लाखों रुपये के कथित गबन और अनियमितताओं का मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। ग्रामीणों ने सरपंच-सचिव पर पंचायत निधि के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगाते हुए एसडीएम लैलूंगा को लिखित शिकायत सौंपकर मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।

ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में स्ट्रीट लाइट लगाने के नाम पर लाखों रुपये की राशि का आहरण किया गया, जबकि धरातल पर अधिकांश स्थानों पर स्ट्रीट लाइट दिखाई ही नहीं देती। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि पंचायत अभिलेखों में कार्य पूर्ण दर्शाकर राशि निकाल ली गई, लेकिन गांव में आज भी कई मोहल्ले अंधेरे में डूबे हुए हैं।

पंचायत भवन मरम्मत में भी गड़बड़ी का आरोप

ग्रामीणों के अनुसार पंचायत भवन मरम्मत के नाम पर लगभग साढ़े पांच लाख रुपये खर्च दर्शाए गए हैं, जबकि वास्तविकता में भवन में केवल मामूली रंग-रोगन और ऊपर-ऊपर की मरम्मत ही की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि भवन की वास्तविक स्थिति को देखते हुए इतनी बड़ी राशि खर्च होना समझ से परे है।

जब मीडिया टीम ने पंचायत के वार्ड पंचों और स्थानीय ग्रामीणों से चर्चा की तो उन्होंने बताया कि पंचायत भवन में कोई बड़ा निर्माण या व्यापक मरम्मत कार्य नहीं कराया गया। केवल पुताई, खिड़की-दरवाजों की मामूली मरम्मत और कुछ स्थानों पर सीमेंट प्लास्टर का कार्य किया गया है। इसके बावजूद लाखों रुपये खर्च होना कई सवाल खड़े करता है।

बोर, हैंडपंप, नाली निर्माण और रंग-रोगन कार्यों में भी अनियमितता की आशंका

ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत में बोर खनन, बोर मरम्मत, हैंडपंप मरम्मत, नाली निर्माण, रंग-रोगन एवं अन्य विकास कार्यों में भी बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं हुई हैं। कई कार्य कागजों में पूर्ण दिखाए गए हैं, जबकि जमीनी स्तर पर उनकी स्थिति संतोषजनक नहीं है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विकास कार्यों के नाम पर पंचायत निधि का दुरुपयोग कर लाखों रुपये का बंदरबांट किया गया है।

नल-जल योजना भी दम तोड़ती नजर आई

ग्राम पंचायत गहनाझरिया में केंद्र एवं राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी नल-जल योजना की स्थिति भी सवालों के घेरे में है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में पानी टंकी का निर्माण तो कर दिया गया, लेकिन अधिकांश घरों तक पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है।

भीषण गर्मी के मौसम में ग्रामीणों को पेयजल के लिए भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद योजना का लाभ लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा है, जिससे शासन की मंशा पर भी पानी फिरता दिखाई दे रहा है।

ग्रामीणों ने की निष्पक्ष जांच की मांग

ग्रामीणों ने एसडीएम लैलूंगा को सौंपे गए आवेदन में मांग की है कि पंचायत में हुए सभी विकास कार्यों की तकनीकी एवं वित्तीय जांच कराई जाए। साथ ही संबंधित दस्तावेजों, मस्टर रोल, बिल-वाउचर, माप पुस्तिका (एमबी) और भुगतान संबंधी अभिलेखों की भी जांच की जाए ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके।

ग्रामीणों का कहना है कि यदि निष्पक्ष जांच कराई जाए तो पंचायत में हुए कथित भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं का बड़ा खुलासा हो सकता है।

जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई

ग्राम पंचायत गहनाझरिया में लगे ये आरोप फिलहाल जांच का विषय हैं। शिकायत के बाद प्रशासन की नजर इस मामले पर टिक गई है। अब देखना होगा कि प्रशासन जांच में क्या तथ्य सामने लाता है और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।

फिलहाल ग्रामीणों की मांग है कि पंचायत के सभी विकास कार्यों की पारदर्शी जांच कर जनता के धन का हिसाब सार्वजनिक किया जाए, ताकि ग्रामीणों का विश्वास पंचायत व्यवस्था में बना रहे।

15 अगस्त विज्ञापन
विज्ञापन 1
विज्ञापन 2
विज्ञापन 3
विज्ञापन 4
विज्ञापन 5
विज्ञापन 6
विज्ञापन 7
विज्ञापन 8

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!