एसएमसी गठन का आदेश भूले: 90% स्कूलों में नहीं बनाए अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सदस्य
प्रतापपुर विकासखंड के खंडगवां क्षेत्र सहित सूरजपुर जिले के अधिकांश शासकीय स्कूलों में विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) के नए गठन की प्रक्रिया अब तक पूरी नहीं हो सकी है। स्कूल शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन ने 12 जून को भारत सरकार की गाइडलाइन फॉर एसएमसी-2026 के अनुरूप सभी स्कूलों में नई समितियां बनाने के निर्देश जारी किए थे। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी, सूरजपुर ने 16 जून को जिले के प्राथमिक, माध्यमिक, हाई और हायर सेकेंडरी स्कूलों के प्राचार्यों और प्रधान पाठकों को नई व्यवस्था लागू करने के आदेश दिए थे। इसके बावजूद करीब डेढ़ महीने बाद भी जिले के 90 प्रतिशत से अधिक स्कूलों में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सदस्यों का गठन नहीं हो पाया है। कई स्कूलों में पुराने पदाधिकारी ही काम कर रहे हैं। कई जगह अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सदस्यों का चयन या निर्वाचन लंबित है। इससे नई गाइडलाइन के अनुसार स्कूल प्रबंधन व्यवस्था लागू होने में देरी हो रही है। नई गाइडलाइन के तहत कक्षा 1 से 12वीं तक के स्कूलों में विद्यालय प्रबंधन एवं विकास समिति (एसएमडीसी) के स्थान पर विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) बनानी है। समिति में 75 प्रतिशत सदस्य विद्यार्थियों के अभिभावक या संरक्षक होंगे। शेष 25 प्रतिशत में स्थानीय निकाय के निर्वाचित प्रतिनिधि, शिक्षक, शिक्षाविद, विषय विशेषज्ञ, पूर्व विद्यार्थी और आंगनबाड़ी, आशा कार्यकर्ता और एएनएम जैसे स्थानीय प्रतिनिधि शामिल किए जाएंगे। नियमानुसार समितियां गठित कर रहे: बीईओ प्रतापपुर विकासखंड शिक्षा अधिकारी मुन्नू धुर्वे ने कहा नई विद्यालय प्रबंधन समितियों के गठन की प्रक्रिया चल रही है। सभी विद्यालयों में नियमानुसार समितियों का गठन कराया जा रहा है।




