बिलासपुर: छुट्टी के दिन तहसीलदार पहुंचे कंचन विहार कालोनी, कालोनीवासियों ने किया जमकर विरोध

बिलासपुर के कोनी स्थित कंचन विहार टीएनसी कालोनी में रविवार को छुट्टी के दिन राजस्व महकमा अचानक सुपर एक्टिव नजर आया। बिलासपुर तहसीलदार प्रकाश साहू पटवारी के साथ कालोनी में पहुंचे। कालोनीवासियों ने इस पर ऐतराज जताते हुए जमकर विरोध किया।
कालोनीवासियों का सीधा आरोप है कि टीएनसी कालोनी के स्वीकृत ले-आउट और नियमों को ताक पर रखकर किसी रसूखदार को लाभ पहुंचाने और कथित अवैध रास्ता निकालने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। शासकीय अवकाश के दिन राजस्व अमले की यह असाधारण फुर्ती देखकर स्थानीय रहवासी हतप्रभ रह गए।
कायदे से ऐसे मामलों में नगर निगम, नगर तथा ग्राम निवेश और राजस्व महकमे की संयुक्त टीम को मौके पर पहुंचना चाहिए। लेकिन इस मामले में तहसीलदार ने नगर निगम को कोई पूर्व सूचना दिए बिना और टीएनसीपी टीम को शामिल किए बगैर ही रविवार को अकेले ही नापजोख कराने पहुंच गए।
जब रहवासियों ने छुट्टी के दिन एकतरफा कार्रवाई को देखा, तो बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए और अधिकारियों को घेर लिया। नागरिकों ने दो टूक चेतावनी दी कि स्वीकृत ले-आउट और बाउंड्री से किसी भी तरह की छेड़छाड़ कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नियमों के मुताबिक कालोनी के रास्तों या सीमांकन से जुड़े संवेदनशील मामलों में संबंधित विभाग के अधिकारी जैसे नगर निगम, टीएनसीपी और राजस्व विभाग की संयुक्त जांच टीम गठित की जाती है। लेकिन इस मामले में नगर निगम को औपचारिक सूचना तक नहीं दी गई और न ही टीएनसीपी के तकनीकी अधिकारी साथ थे। रविवार को तहसीलदार का अकेले मौके पर पहुंचना पूरी प्रक्रिया को संदिग्ध बनाता है।
तहसील कार्यालयों में सीमांकन और फौती नामांतरण के सैकड़ों आवेदन महीनों से धूल फांक रहे हैं। आम नागरिक एक-एक पेशी के लिए भटकते रहते हैं, लेकिन कंचन विहार में एक रसूखदार के लिए रविवार की छुट्टी कुर्बान कर राजस्व अमला फील्ड में उतर गया। प्रशासन की इस विशेष मेहरबानी और तत्परता पर कालोनीवासियों ने सवाल खड़े किए हैं।


