छत्तीसगढ़टॉप न्यूज़राज्य

अपर सत्र न्यायालय घरघोड़ा ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा और अर्थ दण्ड से भी दण्डित करने का दण्डादेश दिया

15 अगस्त विज्ञापन

(गौरी शंकर गुप्ता) न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश श्री मान अभिषेक शर्मा जी ने आरोपी अभिलाल एक्का को पत्नी की हत्या के मामले में दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा ₹1000 के अर्थ दण्ड से दण्डित किया।

मामला चौकी रैरुमा खुर्द थाना धरम जयगढ़ के अपराध क्रमांक 98/2021के अनुसार इस प्रकार है कि दिनांक 27/05/2021 को मोबाइल से सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम बोंकी टोला पतरापारा में आरोपी अभिलाल एक्का अपनी पत्नी क्षमा एक्का को डंडे से पीट पीट कर मार डाला है क्षमा एक्का की मृत्यु हो गई है।

उक्त सूचना पाकर तत्कालीन चौकी प्रभारी जेम्स कुजूर ने अपने उच्चाधिकारियों को घटना की सूचना देकर मौके पर जाकर जांच पड़ताल शुरू किया।

जांच के दौरान महेश एक्का द्वारा बताया गया कि दिनांक 27/ 05/2021 की सुबह वह अपनी मां के साथ घर के आंगन में बातचीत कर रहा था,उसी समय उसका चचेरा भाई आरोपी अभिलाल एक्का उसके पास आकर बताया कि उससे कुछ गलती हो गया है,जिसे क्या ग़लती हुआ कहने पर आरोपी ने कहा कि क्षमा एक्का इस दुनिया में नहीं है।

सूचना कर्ता आरोपी के साथ उसके घर जाकर देखा तो मृतिका के सिर में चोट लगी थी तथा वह जमीन में मृत पड़ी थी, आरोपी को पूछने पर उसने बताया कि रात्रि में क्षमा एक्का को वह सब्जी बनाने के लिए बोला किन्तु वह सब्जी नहीं बनाई जिससे गुस्से में आकर उसने बांस के डंडे से उसके सिर माथे पर मारा जिससे उसकी मृत्यु हो गई।

उक्त सूचना के आधार पर तत्कालीन चौकी प्रभारी द्वारा आरोपी के विरुद्ध अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई, तथा आरोपी के द्वारा अपराध किए जाने की स्वीकृति तथा घटना में प्रयुक्त बांस का डंडा उसकी निशानदेही पर जब्त कर अन्य स्वतंत्र साक्षियों के बयान दर्ज किए गए तथा सूक्ष्मता पूर्वक विवेचना कर सभी साक्ष्यों को एकत्रित कर विवेचना पूर्ण होने पर आरोपी के विरुद्ध धारा 302 भारतीय दण्ड संहिता के तहत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।

माननीय न्यायालय ने मामले की सुनवाई करते हुए प्रकरण में सभी साक्षियों के बयान दर्ज कराए तथा अन्य साक्ष्यों का परिशीलन करने के पश्चात उभय पक्ष का बहस सुना। माननीय न्यायालय ने मामले में आरोपी को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा ₹1000 रू के अर्थ दण्ड से दण्डित करने का दण्डादेश सुनाया।

न्यायालय ने मृतिका के विधिक वारिसानो/आश्रितों को विधिक सेवा प्राधिकरण रायगढ़ के माध्यम से 100000 रू क्षतिपूर्ति राशि प्रदान किए जाने हेतु अनुशंसा की है।

राज्य की ओर से अपर लोक अभियोजक राजेश सिंह ठाकुर ने पक्ष रखा।।

15 अगस्त विज्ञापन
विज्ञापन 1
विज्ञापन 2
विज्ञापन 3
विज्ञापन 4
विज्ञापन 5
विज्ञापन 6
विज्ञापन 7
विज्ञापन 8

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!